जिसकी हसरत का चराग़ मैंने जलाया था,
उसने ही मेरा पता हवाओं को बताया था !
तूने जो देखा वो तो बस तेरा ही चेहरा था,
मैंने तो सिर्फ़ आईना तुझको दिखाया था !
प्यार के साथ हर झगड़ा भी ख़त्म हो गया,
और उसको लगा कि उसने मुझे हराया था !
मेरे नाम की सरग़ोशियाँ बाक़ी हैं तेरी महफ़िल में,
बदनामियाँ ही सही, इश्क़ में कुछ तो कमाया था !
शायद तुझको भी मेरी कोई बात चुभती हो,
मुझे फूलों ने ठुकराया, काँटों ने सहलाया था !
राहतें भी तो अब मुझे तिश्नगी से मिलती हैं,
मुझे बारिश ने तरसाया, बंजर ने अपनाया था !
आज मिला वो किसी और की परछाईं बनकर,
कल तलक जो 'फ़राज़' के जिस्म का साया था !
|||फ़राज़|||
हसरत= Desire
सरग़ोशियाँ= whisper, gossip
महफ़िल = Assembly, Party, Gathering.
बदनामियाँ= Notorities.
तिश्नगी= Thirst, Longing.
उसने ही मेरा पता हवाओं को बताया था !
तूने जो देखा वो तो बस तेरा ही चेहरा था,
मैंने तो सिर्फ़ आईना तुझको दिखाया था !
प्यार के साथ हर झगड़ा भी ख़त्म हो गया,
और उसको लगा कि उसने मुझे हराया था !
मेरे नाम की सरग़ोशियाँ बाक़ी हैं तेरी महफ़िल में,
बदनामियाँ ही सही, इश्क़ में कुछ तो कमाया था !
शायद तुझको भी मेरी कोई बात चुभती हो,
मुझे फूलों ने ठुकराया, काँटों ने सहलाया था !
राहतें भी तो अब मुझे तिश्नगी से मिलती हैं,
मुझे बारिश ने तरसाया, बंजर ने अपनाया था !
आज मिला वो किसी और की परछाईं बनकर,
कल तलक जो 'फ़राज़' के जिस्म का साया था !
|||फ़राज़|||
हसरत= Desire
सरग़ोशियाँ= whisper, gossip
महफ़िल = Assembly, Party, Gathering.
बदनामियाँ= Notorities.
तिश्नगी= Thirst, Longing.