zawal लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
zawal लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

सोमवार, 30 अप्रैल 2018

!!! दिल-ए-मुन्तज़िर !!!

मुझे बे-वजह सी लगती है ये बारिश की रातें,
हक़ीक़त न सहीख़याल  बनके चले आओ !

क्या कमी है दिल को, दिल समझ नहीं पाता,
जवाब न सही, तुम सवाल बनके चले आओ !

ये तन्हाईयाँ जिस्म में काँटों की तरह चुभती हैं,
मरहम न सहीशामिल-ए-हाल बनके चले आओ !

कब तलक जलता रहूँ मुसलसल मैं तपिश में,
उरूज न सही, मेरा ज़वाल बनके चले आओ !

दर्द की तासीर भी तो अब कम हो चली है,
सुकून न सही,तुम मलाल बनके चले आओ !

दिल-ए-मुन्तज़िर को 'फ़राज़' आराम तो आये,
वस्ल मुम्किन नहीं, तो इंतिक़ाल बनके चले आओ !

||| फ़राज़ |||

बे-वजह= Without Cause/Reason
हक़ीक़त= Reality
ख़याल= Thought, Imagination
तन्हाईयाँ= Loneliness
मरहम= Ointment
शामिल-ए-हाल= Associated With Present Circumstances.
मुसलसल= Continuous, 
तपिश= Heat, Scorch, Agitation.
उरूज= Rising, Exaltation, Ascension
ज़वाल= Decline
तासीर= Effect, Influence
सुकून= Peace, Tranquility
मलाल= Regret, Sorrow, Grief.
दिल-ए-मुन्तज़िर = The Expectant Heart
वस्ल = Union Or Meeting (Typically Used In The Context Of A Meeting Of Lovers)
मुम्किन = Possible
इंतिक़ाल= Death, Migration, 

गुरुवार, 22 मार्च 2018

!!! बे-ख़याल !!!

कभी रंग स्याह हुआ, कभी मैं गुलाल हुआ,
जब बे-ख़याल हुआ, तब मैं कमाल हुआ !

उजालों की क़द्र तो अंधेरों में समझ पाया हूँ,
बुझ-बुझ के जब जला तो रौशन मशाल हुआ !

मैंने किसी ग़ज़ल में तेरा नाम न लिखा,
तेरी बदनामियों का फ़िर भी मुझसे सवाल हुआ !

मर जायेंगे बिछड़ कर, ये आपने कहा था,
माथे पे शिकन तक नहीं, ये क्या मलाल हुआ !

इश्क़ कामिल हुआ तो मस'अलों में उलझ गया,
इश्क़ जो अधूरा रहा वो हरगिज़ मिसाल हुआ !

मील का पत्थर साबित हुई मेरी हर ठोकर,
जितना ठुकराया गया उतना बा-कमाल हुआ !

अपनी हस्ती पर ग़ुरूर न कर ऐ उगते सूरज,
'फ़राज़' जो भी उरूज हुआ, उसका ज़वाल हुआ !

||| फ़राज़ |||


स्याह= Black
गुलाल= Gulal Is A Colorful Dry Powdered, Which Is Used In The Festival Of Holi. It Is Also Used In Making Rangoli.
बे-ख़याल= Thoughtless
कमाल= Perfect, Complete, Excellent,
क़द्र= Dignity, Honor, Merit, Value
रौशन=  Bright, Illuminate
मशाल= Lamp, Torch
माथे= Forehead
शिकन= Wrinkle
मलाल= Regret, Grief, Sorrow
कामिल= Complete, Perfect
मस'अला= Problem, Aphorism, Matter,
हरगिज़= Ever
मिसाल= Example, Instance, Model
मील का पत्थर= Mile-Stone
साबित= Prove, Evidence
बा-कमाल= With Perfection, Art
हस्ती= Existence, Life
ग़ुरूर= Proud, Haughtiness, Vanity, Glory
उरूज= Rise, Exaltation, Ascension
ज़वाल= Decline, Afternoon When The Sun Is On The Decline, Diminution