वादों को, इरादों को भुला के चले गए,
हंसती हुई आँखों को रुला के चले गए !
जाते हुए तुमने कोई क़र्ज़ा नहीं रखा,
इल्ज़ाम सारे हमपे लगा कर चले गए !
क़दमों के निशानात भी छोड़े नहीं तुमने,
रास्ता भी उस सफ़र का मिटा के चले गए !
कुछ यूँ गए कि लौट के न आये फ़िर कभी,
एक मोड़ पे इन आँखों को बिठा के चले गए !
'अल्फ़ाज़' जिन्हें समझे थे नाख़ुदा अपना,
मेरा पता सैलाब को बता के चले गए !
||| अल्फ़ाज़ |||
क़र्ज़ा = Loan,
Debt
इल्ज़ाम = Blame,
Accusation
क़दम = Foot
निशानात = Traces,
Signs
सफ़र = Journey
नाख़ुदा = Boatman, Sailor, The Master Or Commander Of A Ship
सैलाब= A Flood, Deluge, Inundation, Torrent